पिछली रात में एक बार फिर हम हिन्दुस्तानियों ने साबित कर दिया कि हम कितने भी आधुनिक बनने की कोशिश कर लें लेकिन कोई न कोई मौका हम स्वतः दे देते हैं अपने ऊपर हसने वालों को। एक निहायत ही वाहियात अफवाह इतनी तेजी से फैली की देखते देखते पूरे शहर या यूँ कहें की कई शहरों को अपने जाल में उलझा दिया, लोगों में यह अफवाह फैली की लोफ बुत बन जा रहे हैं। ऐसे अफवाह फ़ैलाने वालों पर रास्ट्रीय सुरक्षा कानून के तहत कारवाई करनी चाहिए।
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